टेस्ट क्रिकेट इतिहास में 3 टेस्ट मैच जिनकी चारों पारियां खेली गई 1 ही दिन में, भारत भी है शामिल
की शुरुआत साल 1877 से हुई। क्रिकेट इतिहास का पहला टेस्ट
मैच शुरू होने के बाद से टेस्ट क्रिकेट ने अपने 143 सालों का सफर पूरा कर
लिया है लेकिन इस सबसे ऐतहासिक फॉर्मेट का सिलसिला अनवरत जारी है। टेस्ट
क्रिकेट का एक मैच 5 दिनों का होता है जिसमें पांच दिन तक गेंदबाजों और
बल्लेबाजों के बीच रोचक जंग चलती है।
5 दिन के टेस्ट क्रिकेट फॉर्मेट में आज हम आपको उन टेस्ट मैचों के बारे में बताने जा रहा हैं जिसमें एक ही दिन में चारों पारियां खेली गई हो। भले ही ये सुनकर आपको हैरानी हो लेकिन टेस्ट क्रिकेट इतिहास में 3 टेस्ट मैच ऐसे खेले गए हैं जिसकी 4 पारियां एक दिन में खेली गई हो।
इसके बाद इसी दिन वेस्टइंडीज ने इंग्लैंड को केवल 134 रन के स्कोर पर ढेर कर दिया। मैच के पहले ही दिन वेस्टइंडीज की दूसरी पारी आ गई। विंडीज बढ़त के साथ दूसरी पारी में बल्लेबाजी करने उतरी लेकिन वेस्टइंडीज को इंग्लैंड ने कातिलाना गेंदबाजी से 54 रनों पर ही सिमट दिया।
अब मैच के दूसरे दिन ही इंग्लैंड को 188 रनों के लक्ष्य के साथ पारी का आगाज करने उतरना पड़ा और वो दूसरे दिन कुछ ओवर खेलने में कामयाब रहे। तीसरे दिन इंग्लैंड ने जीत हासिल की। लेकिन दूसरे दिन के खेल में दोनों ही टीमों को अपनी दोनों पारियां खेलने के लिए उतरना पड़ा तो इतिहास में दर्ज हो गया।
1 दिन में 4 पारियां खेले जाने वाले 3 टेस्ट मैच
वैसे कुछ मैच गेंदबाजों के शानदार प्रदर्शन के दम पर 2-3 दिन में भी खत्म हो जाते हैं। लेकिन कभी-कभी ऐसा भी हो जाता है कि एक टीम अपनी एक पारी को 2 से ज्यादा दिन तक भी खींच ले जाती है।5 दिन के टेस्ट क्रिकेट फॉर्मेट में आज हम आपको उन टेस्ट मैचों के बारे में बताने जा रहा हैं जिसमें एक ही दिन में चारों पारियां खेली गई हो। भले ही ये सुनकर आपको हैरानी हो लेकिन टेस्ट क्रिकेट इतिहास में 3 टेस्ट मैच ऐसे खेले गए हैं जिसकी 4 पारियां एक दिन में खेली गई हो।
इंग्लैंड बनाम वेस्टइंडीज- लॉर्ड्स, 2000
इंग्लैंड और के बीच साल 2000 में एक टेस्ट की चारों पारियां एक दिन में खेले जाने का पहला मौका रहा। क्रिकेट के मक्का कहे जाने वाले लॉर्ड्स क्रिकेट मैदान में खेले गए इस मैच में ऐतिहासिक कारनामा बन गया। इस मैच में इंग्लैंड ने टॉस जीतकर वेस्टइंडीज को पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया। दूसरे दिन वेस्टइंडीज की टीम 267 रनों पर सिमट गई।इसके बाद इसी दिन वेस्टइंडीज ने इंग्लैंड को केवल 134 रन के स्कोर पर ढेर कर दिया। मैच के पहले ही दिन वेस्टइंडीज की दूसरी पारी आ गई। विंडीज बढ़त के साथ दूसरी पारी में बल्लेबाजी करने उतरी लेकिन वेस्टइंडीज को इंग्लैंड ने कातिलाना गेंदबाजी से 54 रनों पर ही सिमट दिया।
अब मैच के दूसरे दिन ही इंग्लैंड को 188 रनों के लक्ष्य के साथ पारी का आगाज करने उतरना पड़ा और वो दूसरे दिन कुछ ओवर खेलने में कामयाब रहे। तीसरे दिन इंग्लैंड ने जीत हासिल की। लेकिन दूसरे दिन के खेल में दोनों ही टीमों को अपनी दोनों पारियां खेलने के लिए उतरना पड़ा तो इतिहास में दर्ज हो गया।

